Dictionaries | References अ असित { asita } Script: Devanagari Meaning Related Words Rate this meaning Thank you! 👍 असित बर'/बड़ो (Bodo) WordNet | Bodo Bodo | | See : आरजाथाव Rate this meaning Thank you! 👍 असित Puranic Encyclopaedia | English English | | ASITA I One of the Ṛṭviks of the Sarpasatra of Janamejaya. Some details. (1) The prominent Ṛtviks were Bhārgava, Kautsa, Jaimini, Sārṅgarava, Piṅgala, Vyāsa, Uddālaka Pramattaka, Śvetaketu, Asita, Devala, Nārada, Parvata, Ātreya, Kuṇḍajāra, Kālaghāṭs, Vātsya, Kohala, Deva- śarmā, Maudgalya, Samasaurabha. [Chapter 53, Ādi Parva, M.B.] (2) Asita, Devala, Vaiśampāyana, Sumantu and Jaimini were disciples of Vyāsa. [Prathama Skandha, Devī Bhāgavata] . (3) Asita, the sage, got by the blessing of Śiva a son named Devala. [Brahmavaivarta Purāṇa] . (4) Once Asita muni explained to King Janaka the philosophy of rebirth. [Brahmāṇḍa Purāṇa, Chapter 47] . Rate this meaning Thank you! 👍 असित हिन्दी (hindi) WordNet | Hindi Hindi | | noun एक ऋषि Ex. असित राजा सीहहनु के गुरु और राजपुरोहित थे । ONTOLOGY:पौराणिक जीव (Mythological Character) ➜ जन्तु (Fauna) ➜ सजीव (Animate) ➜ संज्ञा (Noun) SYNONYM:असित ऋषिWordnet:benঅসিত gujઅસિત kasاَسِت , اَسِت ریش kokअसीत marअसित oriଅସିତ ଋଷି panਅਸਿਤ urdاست , است رشی noun इक्ष्वाकु वंश के एक राजा जो राम के पूर्वज थे और सगर के पिता थे Ex. असित भरत के पुत्र थे । ONTOLOGY:पौराणिक जीव (Mythological Character) ➜ जन्तु (Fauna) ➜ सजीव (Animate) ➜ संज्ञा (Noun)Wordnet:kasاسِت kokअसित marअसित sanअसितः urdاسِت See : कपटपूर्ण, काला, दुष्ट, पिंगला, अशुभ्र Rate this meaning Thank you! 👍 असित प्राचीन चरित्रकोश | Hindi Hindi | | असित n. मांधाता राजा के द्वारा पराभूत एक राजा [म.शां२९.८१] ।असित (काश्यप), देवल n. सूक्तद्रष्टा । इसे देवल काश्यप कहते हैं [ऋ.९.५-२४] । यह कश्यप का पुत्र था । इसका गय [अ.सं.१.१४.४] तथा जमदग्नि के साथ उल्लेख है [अ.सं.६.१३७.१] । इसे असित देवल [पं. ब्रा.१४.११.१८-१९] ;[क. सं. .२२.२] , तथा असितो देवल कहते है [म.स.४.८] ;[म. शां.२२२,२६७] । इसकी स्त्री हिमालय की कन्या एकपर्णा । यह युधिष्ठिर के यज्ञ में ऋत्विज था [भा.१०.७४.७] । जब युधिष्ठिर ने मयसभा में प्रवेश किया, तब अन्य ऋषिगणों के साथ यह उनके साथ था [म. स. ४.८] । नारद जब युधिष्ठिर को ब्रह्मदेव की सभा का वर्णन बता रहे थे, तब यह वहॉं व्रतादि का अनुष्ठान कर उपस्थित था [म.स.११.२२५] । श्रीकृष्ण तथा बलराम से मिलने के लिये, अनेक ऋषियों के साथ यह स्यमंतक क्षेत्र में गया था [भा.१०.८४.३] । यह तथा श्रुतदेव ब्राह्मण कृष्ण के साथ, बहुलाश्व से मिलने के लिये, विदेह देश को गये थे [भा.१०.८६.१८] । नारदादिकों के साथ यह पिंडारक क्षेत्र में भी गया था [भा.१.१.११] । मुमुक्षु व्यक्ति ब्रह्मपद की प्राप्ति कैसी करे, इस विषय में जैगीषव्य [म.शां.२२२] , तथा नारद के साथ [म.शां.२६७] इसका संवाद हुआ था । आदित्यतीर्थपर यह गृहस्थाश्रम में रहता था, तथा अचल भक्तिभाव से इसने योगसंपादन किया था । एकबार जैगीषव्य ऋषि भिक्षुकवेष में इसके आश्रम में आये । तब इसने उत्तम प्रकार से उसका गौरव कर के, काफी वर्षो तक उसका पूजन किया । बहुत काल व्यतीत हो जाने पर भी जैगीपव्य एक शब्द भी नही बोलता, यह देख कर मन ही मन यह उसकी अवहेलना करने लगा । पश्चात् यह गगरी ले कर समुद्र गया । जैगीषव्य वहॉं पहले से ही आ कर बैठा हुआ था । उसे देख कर, इसे बडा ही आश्चर्य लगा । तदनंतर स्नान कर के यह आश्रम में लौट आया । आते ही जैगीषव्य पुनः आश्रम में बैठा हुआ इसे दिखा । तब जैगीषव्य के तप तथा योगाभ्यास का प्रभाव देख कर इसे बडा आश्चर्य हुआ । उस विषय में जिज्ञासा पूर्ण करने के लिये, यह आश्रम से अंतरिक्ष में उडा । वहॉं उसने देखा कि, कोई सिद्धपुरुष जैगीषव्य की पूजा कर रहे है । तब यह काफी घबराया गया । तदनंतर जैगीषव्य भिन्न भिन्न लोगों में आगे आगे जाने लगा । पुरे समय, इसने उनका पीछा किया । अन्त में, पतिव्रताओं के लोक में आ कर जैगीषव्य गुप्त हो गया । वहॉं एक सिद्ध के यहॉं पूछने पर पता चला कि, वह ब्रह्मपद पर गया है । इसलिये ब्रह्मलोक जाने के लिये इसने उँची उडान ली । किन्तु सामर्थ्य कम होने के कारण, यह नीचे गिर गया । अन्त में उस सिद्ध ने इसे वापस जाने के लिये कहा । तब जिस क्रम से यह ऊपर गया था, उसी क्रम से सब लोक उतर कर नीचे आया । जैगीषव्य को पहले ही आ कर आश्रम में बैठा हुआ इसने देखा । तब उसके योगसामर्थ्य से यह आश्चर्यचकित हो गया । नम्र हो कर, जैगीषव्य के पास ओक्षधर्म जानने की इच्छा इसने दर्शाई । उसके बाद, जैगीषव्य ने इसे योग का उपदेश दे कर संन्यासदीक्षादी उसेक इसको परमसिद्धि तथा श्रेष्ठयोग प्राप्त हुआ [म.श४९] ; देवल देखिये । असित देवल तथा यह ये दोनों एक ही है । यह कश्यप तथा शांडिल्य का एक प्रवर भी है । इसने सत्यवती को विवाह के लिये मांगा था [म.आ.९४.७३] । इसका पुत्र देवल [ब्रह्मांड. ३.८.२९-३३] । यह कश्यपकुल का गोत्रकार [मत्स्य.१९९.१९] ;[लिंग. १.६३.५१.१] , तथा मंत्रकार था [वायु.५९.१०३] ;[मत्स्य. १४५.१०६-१०७] ;[ब्रह्मांड. २.३२.११२-११३] ।असित (काश्यप), देवल II. n. जनमेजय के सर्पसत्र का एक सदस्य [म.आ.५३] ।असित (देवल) n. असित काश्यप देखिये ।असित (धान्वन) n. वेदकालीन राजा । असुरविद्या वेद इसका है । दस दिनों तक चलनेवाले परिप्लवाख्यान में इसका उल्लेख है [सां.श्रौ. १६.२.२०] । इसको असित धान्व भी कहा है [श.ब्रा. १३.४.३.११] ;[आ. श्रौ. १०.७] ;[पं. ब्रा.१४.११.१८.३९] ।असित (वार्षगण) n. हरित काश्यप का शिष्य । इसका शिष्य जिव्हाघत् बाध्योग [बृ. उ. ६.५.३ काण्व., ६.४.३३ माध्यं.] ।असित II. n. (सू.इ.) भरतराजा का पुत्र । इसके शत्रु हैहय तालजंघ तथा शशबिंदु ने इसका पराभव कर के, इसे राज्य से बाहर भगा दिया । तब अपनी दोनों पत्नीयों के साथ, यह हिमालय पर्वत पर जा कर रहा । वहीं इसकी मृत्यु हो गई । मृत्यु के समय, इसकी दोनों पत्नीयॉं गर्भवती थीं । उन में से, एक ने सौत के गर्भ का नाश हो इस उद्देश से, अपनी सौत कालिंदी को सविष भोजन दिया । तब वह शोक करने लगी । परंतु च्यवन भार्गव मुनि के आशिर्वाद से, उसे सगर नामक सविष पुत्र हुआ [वा.रा.बा ७०] ;[वा.रा.अयो.११०] । Rate this meaning Thank you! 👍 असित कोंकणी (Konkani) WordNet | Konkani Konkani | | noun रामाचो पुर्वज आशिल्लो आनी सगराचो बापूय आशिल्लो असो इक्ष्वाकु वंशाचो एक राजा Ex. असित भरताचो पूत आशिल्लो ONTOLOGY:पौराणिक जीव (Mythological Character) ➜ जन्तु (Fauna) ➜ सजीव (Animate) ➜ संज्ञा (Noun)Wordnet:kasاسِت marअसित sanअसितः urdاسِت Rate this meaning Thank you! 👍 असित मराठी (Marathi) WordNet | Marathi Marathi | | noun इक्ष्वाकु वंशातील एक राजा जे श्रीरामचे पूर्वज आणि सगर के पिता होते Ex. असित भरतचे पुत्र होते. ONTOLOGY:पौराणिक जीव (Mythological Character) ➜ जन्तु (Fauna) ➜ सजीव (Animate) ➜ संज्ञा (Noun)Wordnet:kasاسِت kokअसित sanअसितः urdاسِت noun एक ऋषी Ex. असित हे राजा सीहहनुचे गुरू आणि राजपुरोहित होते. ONTOLOGY:पौराणिक जीव (Mythological Character) ➜ जन्तु (Fauna) ➜ सजीव (Animate) ➜ संज्ञा (Noun) SYNONYM:असित ऋषीWordnet:benঅসিত gujઅસિત hinअसित kasاَسِت , اَسِت ریش kokअसीत oriଅସିତ ଋଷି panਅਸਿਤ urdاست , است رشی See : अश्वेत Rate this meaning Thank you! 👍 असित महाराष्ट्र शब्दकोश | Marathi Marathi | | वि. पांढरें नव्हे तें ; काळें ; निळें . [ सं . अ + सित = पांढरें ]०पथ पु. ( ज्याचा मार्ग काळा असतो तो ) अग्नि .०पक्ष पु. कृष्ण - वद्य - पक्ष . असितपक्ष माघमासीं । - गु़च ७ . ११२ . Rate this meaning Thank you! 👍 असित नेपाली (Nepali) WordNet | Nepali Nepali | | See : दुष्ट Rate this meaning Thank you! 👍 असित A Sanskrit English Dictionary | Sanskrit English | | अ-सित mfn. 1.mfn. unbound, [TS. vii] ; [ŚBr. xiv.] ROOTS:अ सितअसित mfn. 2.mf(आ; Ved.अ॑सिक्नी)n. (सित, ‘white’, appears to have been formed from this word, which is probably original, and not a compound of अ and सित; cf.असुर and सुर), dark-coloured, black, [RV.] &c.असित m. m. the planet Saturn, [VarBṛS.] a poisonous animal (said to be a kind of mouse), [L.] N. of the lord of darkness and magic, [AV.] ; [ŚBr.] ; [ĀśvŚr.] of a descendant of कश्यप (composer of [RV. ix, 5-24] ), named also देवल ([[RAnukr.] ]) or असितदेवल ([[MBh.] ; [Hariv.] ]) N. of a man (with the patron. वार्षगण), [ŚBr. xiv] of a son of भरत, [R.] of a ऋषि, [Buddh.] of a mountain, [MBh. iii, 8364] ; [Kathās.] a black snake, [AV.] a मन्त्र (saving from snakes), [MBh. i, 2188] असित 2. (also) the dark half of a lunar month, [L.] a partic. intoxicating drink, [L.] Rate this meaning Thank you! 👍 असित The Practical Sanskrit-English Dictionary | Sanskrit English | | असित [asita] a. Unbound (Ved). [न सितः शुभ्रः] Not white, black, dark-blue, dark-coloured; असिता मोहरजनी [Śānti.3.4;] [Y.3.166;] ˚लोचना, ˚नयना &.c. तः The dark or blue colour; the dark fortnight of lunar month. N. N. of the planet Saturn. A black snake. N. N. of the sage देवल; असितो देवलो व्यासः [Bg.1.13.] N. N. of a being presiding over darkness and magic. N. N. of Kṛiṣṇa; विसृजन्दिक्षु सर्वासु शरानसितसारथिः [Mb. 7.146.44.] ता The Indigo plant. A girl attending upon the harem (whose hair is not whitened by age); see असिक्नी. The river Yamunā. N. N. of a daughter of Vīraṇa and wife of Dakṣa. N. N. of the river. Akesines (चन्द्रभागा) in the Punjab; [Rv.8.2.25.] -Comp.-अञ्जनी The black cotton plant.-अम्बुजम्, -उत्पलम् the blue lotus.-अर्चिस् m. m. fire. -अश्मन्m.-उपलः a dark-blue stone; lapis lazuli. निलयेषु नक्तमसिताश्मनां चयैः [Śi.13.54;] [Ki.16.38.] -केशा a woman having black hair.-केशान्त a. a. having black locks of hair.-गिरिः, -नगः 'the blue mountain'; N. of a mountain. असितगिरिसमं स्यात् कज्जलं सिन्धुपात्रे । शिवमहिम्नस्तोत्र of पुष्पदन्ताचार्य, and Dr. Gode's papers Vol. III. असितनगनितम्बश्यामभासा घनानाम् Ki. -ग्रीवa. having a black neck. [Vāj.23.13.] (वः) fire. A peacock; प्रावृषीवासितग्रीवो मज्जेत निशि निर्जने । मायूरेण गुणेनैव स्त्रीभिश्चावेक्षितश्चरेत् [Mb.12.12.13.] -ज्ञु a. a. (for ˚जानु) having black knees. [Av.12.1.21.] -अभ्रशेखरः N. N. of a Buddha.-नयनम् a. a. black-eyed; मा कौलीनाद- सितनयने मय्यविश्वासिनी भूः [Me.114.] -पक्षः the dark fortnight; दुर्दिवसेऽसितपक्षे दुःसंचारासु नगरवीथीषु [Pt.1.173.] -फलम् the sweet cocoanut.-भ्रू a. a. having black eyelids.-मृगः the black antelope.-यवन = कालयवन q. v. गुरुकोपरुद्धपदमापदसितयवनस्य रौद्रताम् [Śi.15.56.] Rate this meaning Thank you! 👍 असित Shabda-Sagara | Sanskrit English | | असित mfn. (-तः-ता-तं) Black or dark blue. m. (-तः) 1. Black, (the colour.) 2. A name of the planet Saturn. 3. The dark fortnight of a lunar month. f. (-ता) 1. The indigo-plant. E. अ neg. and सित white. ROOTS:अ सित Rate this meaning Thank you! 👍 असित संस्कृतम् (Sanskrit) WordNet | Sanskrit Sanskrit | | See : अशुभ्र Related Words असित असित ऋषि असित ऋषी اسِت ଅସିତ અસિત ਅਸਿਤ অসিত असितः ଅସିତ ଋଷି असीत black appropriate element uveoparotid fever असिताक्ष नरदत्त स्कन्धमणि दैवल कालपुच्छ कालपुच्छक अख्रामि असिताम्बुरुह असितार्चिस् असितोत्पल असितोपल गाज्रि खामानि मावग्रा जिह्रावत लांसुनिया आखु वार्षगण थांखि ला धान्व uvea अनागारि सेखनाय असिताभ्रशेखर ज्ञु बिजिरजाथाव आयदा उनदाहा खालाम असिताश्मन् धर्मध्वजिन् नैधृव tapetum सितासित सिबिजाथाव ऋषि वंश. - काश्यप वंश खहा एकपर्णा कक्षसेन हिमवत् देवल जैगीषव्य असिक्नी fever निरस्त हरित कालनिर्णयकोश - मन्वन्तर कालगणनापद्धति कालिन्दी असुर वीतहव्य शांडिल्य अस् बाहु काश्यप अ शौनक जनमेजय मरीचि पितरः सगर जमदग्नि कश्यप द्रोण ६ ८ भरत હિલાલ્ શુક્લ પક્ષની શરુના ત્રણ-ચાર દિવસનો મુખ્યત ନବୀକରଣଯୋଗ୍ୟ ନୂଆ ବା વાહિની લોકોનો એ સમૂહ જેની પાસે પ્રભાવી કાર્યો કરવાની શક્તિ કે સર્જરી એ શાસ્ત્ર જેમાં શરીરના ન્યાસલેખ તે પાત્ર કે કાગળ જેમાં કોઇ વસ્તુને બખૂબી સારી રીતે:"તેણે પોતાની જવાબદારી ਆੜਤੀ ਅਪੂਰਨ ਨੂੰ ਪੂਰਨ ਕਰਨ ਵਾਲਾ బొప్పాయిచెట్టు. అది ఒక लोरसोर जायै जाय फेंजानाय नङा एबा जाय गंग्लायथाव नङा:"सिकन्दरनि खाथियाव पोरसा गोरा जायो आनाव सोरनिबा बिजिरनायाव बिनि बिमानि फिसाजो एबा मादै भाजप भाजपाची मजुरी:"पसरकार रोटयांची भाजणी म्हूण धा रुपया मागता नागरिकता कुनै स्थान ३।। कोटी ঁ ۔۔۔۔۔۔۔۔ ۔گوڑ سنکرمن ॐ 0 ० 00 ૦૦ ୦୦ 000 ০০০ ૦૦૦ Folder Page Word/Phrase Person Comments | अभिप्राय Comments written here will be public after appropriate moderation. 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